चंदौली। रामगढ़ स्थित अघोराचार्य बाबा कीनाराम मठ में शुक्रवार को बाबा कीनाराम का 426वां जन्मोत्सव श्रद्धा और धूमधाम के साथ प्रारंभ हुआ। तीन दिवसीय महोत्सव का शुभारंभ कांवड़ियों द्वारा किनेश्वर महादेव के जलाभिषेक से हुआ। इसके बाद महिलाओं ने परंपरागत सोहर गीत गाकर वातावरण को भक्तिमय बना दिया। मठ परिसर में ब्राह्मणों द्वारा पूजन-अर्चन और हवन संपन्न कराया गया।
हजारों श्रद्धालु पहुंचे, मेला सजा
पहले दिन से ही हजारों की संख्या में श्रद्धालु बाबा के दर्शन के लिए पहुंचे। बाबा कीनाराम इंटर कॉलेज के सामने लगे मेले में मिठाइयों की दुकानें, महिलाओं के श्रृंगार सामग्री, बच्चों के खिलौने और झूला-चरखी श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बने रहे। ग्रामीण और शहरी इलाकों से आए लोगों की भीड़ पूरे दिन उमड़ती रही।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बांधासमां
महोत्सव के पहले दिन क्षेत्रीय कलाकारों और दूरदराज से आए गायक-कलाकारों ने रामायण पाठ, सुंदरकांड, भजन और कीर्तन प्रस्तुत किए।
सुबह मटुक सिंह, मोती तिवारी, सतीश पांडेय, सत्यब्रत सिंह ने सुंदरकांड का आयोजन किया।
सांस्कृतिक मंच पर संजय तिवारी, पंकज तिवारी, दीपक यादव, संस्कार बाबू, भैया लाल पाठक, प्रवीण सिंह, सुमन अग्रहरी और गीतांजलि ने शिव तांडव, कव्वाली और भक्ति गीतों से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
विधायक ने किया पूजन, श्रद्धा व्यक्त की
महोत्सव के अवसर पर विधायक प्रभु नारायण सिंह यादव ने भी बाबा कीनाराम मठ पहुंचकर दर्शन-पूजन किया। उन्होंने कहा –
“बाबा कीनाराम की ख्याति केवल भारत ही नहीं, बल्कि विदेशों तक फैली है। यह हमारा सौभाग्य है कि हम बाबा की जन्मस्थली के क्षेत्र से जुड़े हैं। आज भी सच्ची श्रद्धा से की गई मन्नत बाबा के चरणों में पूरी होती है।”
इस दौरान उनके साथ राजीव सिंह मुन्ना, सुभाष यादव सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने कड़े सुरक्षा इंतजाम किए थे।
एसडीएम कुंदन राज कपूर, क्षेत्राधिकारी स्नेहा तिवारी और बलुआ इंस्पेक्टर डॉ. आशीष मिश्रा के नेतृत्व में पुलिस बल तैनात रहा।
वाहनों को मठ परिसर और मेला क्षेत्र से एक किलोमीटर दूर पार्किंग स्थल पर खड़ा कराया गया।
हर संवेदनशील स्थान पर पुलिस बल और वालंटियर तैनात रहे।
विचार गोष्ठी में हुए विचार-विमर्श
शाम को आयोजित विचार गोष्ठी में डॉ. मधु सिंह (उदय प्रताप कॉलेज), डॉ. अनिल यादव, डॉ. रामसुधार सिंह, सूर्यनाथ सिंह ने बाबा कीनाराम के जीवन, दर्शन और समाज सुधार की भूमिका पर अपने विचार रखे।
गोष्ठी का संचालन लोकनाथ महाविद्यालय प्रबंधक धनंजय सिंह ने किया।
आयोजन समिति
पूरे आयोजन की व्यवस्थाओं में प्रधान व्यवस्थापक अरुण सिंह, मेजर अशोक सिंह, डॉ. राजेंद्र प्रताप सिंह, धनंजय सिंह, प्रधान आशुतोष कुमार सिंह, सूर्यनाथ सिंह, कुलदीप वर्मा, नंदू गुप्ता, दिनेश सोनकर, संतोष सिंह, रितेश पांडेय सहित कई लोग सक्रिय रहे।
विशेष संवाददाता- गनपत राय













