लखनऊ। सियासी बयानबाजी के बीच उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी जमीनी स्तर पर विकास कार्यों में जुटी है, जबकि समाजवादी पार्टी, कांग्रेस और अन्य दल जनता के बीच भ्रम फैलाने में लगे हुए हैं। मौर्य ने स्पष्ट किया कि यदि कोई दल चुनाव आयोग के पास अपनी शिकायत लेकर जाना चाहता है तो भाजपा को उससे कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन जनता सच्चाई समझ चुकी है।
मौर्य ने कहा कि भाजपा के कार्यकर्ता गांव-गांव और शहर-शहर लगातार सक्रिय हैं और सरकार की योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का काम कर रहे हैं। इसके उलट विपक्ष केवल आरोप-प्रत्यारोप की राजनीति कर रहा है और जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रहा है।
इसी मुद्दे पर राज्य मंत्री नरेंद्र कश्यप ने भी समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि फॉर्म-7 को लेकर यदि सपा चुनाव आयोग जाना चाहती है तो जाए, लेकिन प्रदेश की जनता ने पहले ही तय कर लिया है कि 2027 में भी भाजपा ही सत्ता में लौटेगी। कश्यप ने कांग्रेस के ‘मनरेगा बचाओ’ कार्यक्रम पर सवाल उठाते हुए कहा कि यह केवल राजनीतिक दिखावा है और प्रदेश की जनता ऐसे कार्यक्रमों से प्रभावित होने वाली नहीं है।
कश्यप ने कांग्रेस नेतृत्व पर कटाक्ष करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा योजनाओं को सांस्कृतिक मूल्यों से जोड़कर जनता के हित में काम किया जा रहा है, लेकिन कांग्रेस इसे भी राजनीतिक रंग देने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कांग्रेस नेता मणि शंकर अय्यर के बयान का जिक्र करते हुए कहा कि कांग्रेस खुद अपनी राजनीतिक जमीन कमजोर कर रही है।
भाजपा विधायक नंदकिशोर गुर्जर ने भी समाजवादी पार्टी पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि पूर्व में फर्जी वोटों और घुसपैठियों के नाम पर वोटर लिस्ट तैयार कराई गई थी, जिनका अब सत्यापन किया जा रहा है। इसी कारण सपा घबराई हुई है और चुनावी प्रक्रिया पर सवाल उठा रही है।
गुर्जर ने आरोप लगाया कि सपा घुसपैठियों के वोट बचाने की कोशिश कर रही है और जनता को भड़काने का काम कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था मजबूत हुई है और सरकार सख्ती से काम कर रही है, इसलिए विपक्ष को अपनी जमीन खिसकती नजर आ रही है।













