जशपुरनगर। महिला एवं बाल विकास विभाग में गुरुवार को उस वक्त हड़कंप मच गया, जब अंबिकापुर से पहुंची एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सहायक ग्रेड-2 गिरीश कुमार वारे को रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। विभागीय कार्यालय परिसर में हुई इस कार्रवाई से कर्मचारियों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
मामले की जानकारी के अनुसार, दोकड़ा में पदस्थ भृत्य योगेश शांडिल्य का स्थानांतरण लोदाम किया गया था। आरोप है कि इस स्थानांतरण के बदले सहायक ग्रेड-2 गिरीश कुमार वारे ने उससे 80 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की थी। पीड़ित कर्मचारी पहले ही 30 हजार रुपये दे चुका था, जबकि शेष रकम के लिए आरोपी लगातार दबाव बना रहा था।
बताया गया कि जब पीड़ित ने शेष राशि देने में असमर्थता जताई तो दबाव बनाने के लिए आरोपी ने उसकी मोटरसाइकिल अपने कब्जे में रख ली। इससे परेशान होकर पीड़ित ने पूरे मामले की शिकायत एंटी करप्शन ब्यूरो से की।
शिकायत की सत्यता जांचने के बाद ACB की टीम ने जाल बिछाया। गुरुवार को जैसे ही पीड़ित 40 हजार रुपये लेकर महिला एवं बाल विकास विभाग कार्यालय पहुंचा और आरोपी को रकम सौंपी, पहले से तैनात ACB टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए सहायक ग्रेड-2 को रिश्वत की रकम के साथ रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
कार्रवाई के बाद आरोपी से पूछताछ की जा रही है और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत आगे की विधिक प्रक्रिया जारी है। इस घटना ने एक बार फिर सरकारी दफ्तरों में स्थानांतरण के नाम पर चल रही अवैध वसूली और भ्रष्टाचार को उजागर कर दिया है।









