जशपुरनगर। जिले में हाल के दिनों में हुई बेमौसम बारिश, तेज हवाओं और ओलावृष्टि ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। कई क्षेत्रों में उद्यानिकी फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है, जिससे उत्पादन और गुणवत्ता दोनों प्रभावित हुए हैं। हालात ऐसे हैं कि किसानों के सामने आर्थिक संकट की स्थिति बनती नजर आ रही है।
जानकारी के अनुसार फरसाबहार, बगीचा और पत्थलगांव क्षेत्रों में फसलों को लगभग 35 से 40 प्रतिशत तक नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है। ओलों की मार और बढ़ी हुई नमी के कारण फसलों के सड़ने का खतरा भी बढ़ गया है, जिससे किसानों की चिंता और गहरा गई है।
कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि वे अपनी फसलों को बचाने के लिए फंगीसाइड का छिड़काव करें और आने वाले खरीफ एवं रबी सीजन के लिए फसल बीमा जरूर कराएं।
विशेषज्ञों का कहना है कि बदलती जलवायु परिस्थितियों को देखते हुए केवल बेसिक बीमा पर्याप्त नहीं है। Pradhan Mantri Fasal Bima Yojana के तहत ऐड-ऑन कवर लेना अब जरूरी हो गया है, ताकि ओलावृष्टि जैसी स्थानीय आपदाओं से भी सुरक्षा मिल सके।
ऐड-ऑन कवर के जरिए किसान कम प्रीमियम में अधिक सुरक्षा प्राप्त कर सकते हैं और अपनी पूरी लागत को सुरक्षित रख सकते हैं। इससे अचानक होने वाले नुकसान की भरपाई में मदद मिलती है।
सहायक संचालक उद्यान, जशपुर ने किसानों से अपील की है कि वे प्राकृतिक आपदाओं को देखते हुए केवल भाग्य के भरोसे न रहें, बल्कि फसल बीमा में ऐड-ऑन कवर जरूर लें, ताकि उनकी मेहनत और आय दोनों सुरक्षित रह सके।













