वाराणसी। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर लहुराबीर स्थित कांग्रेस कैंप कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान प्रदेश प्रवक्ता संजीव सिंह ने राज्य सरकार पर भ्रष्टाचार और कानून व्यवस्था को लेकर तीखा हमला बोला। उन्होंने सरकार से मंत्रियों और विधायकों की संपत्तियों की जांच कराने की मांग उठाई।
संजीव सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार भ्रष्टाचारमुक्त शासन का दावा करती है, लेकिन अपने ही मंत्रियों और विधायकों की संपत्ति की जांच कराने से बच रही है। उन्होंने महोबा की दलित छात्रा से जुड़े मामले का जिक्र करते हुए कहा कि पीड़िता के साथ गंभीर घटना हुई, लेकिन सरकार का कोई प्रतिनिधि उसके परिवार से मिलने नहीं पहुंचा।
उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय जब पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे थे, तब प्रशासन ने उन्हें रोकने का प्रयास किया। इसके बावजूद वह परिवार से मिले और न्याय की आवाज उठाई। संजीव सिंह ने कहा कि भाजपा नेताओं द्वारा अजय राय की संपत्ति जांच की मांग करना हास्यास्पद है, क्योंकि उनका सार्वजनिक जीवन पूरी तरह पारदर्शी रहा है।
कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि प्रदेश में विभिन्न योजनाओं और विभागों में भ्रष्टाचार के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जांच एजेंसियों का इस्तेमाल राजनीतिक विरोधियों को दबाने के लिए कर रही है। साथ ही चुनौती दी कि यदि सरकार निष्पक्ष है तो अपने मंत्रियों और विधायकों की संपत्ति और कथित मामलों की भी जांच कराए।
महानगर अध्यक्ष राघवेन्द्र चौबे ने कहा कि अजय राय पर दर्ज अधिकांश मुकदमे आंदोलन और कोरोना काल के दौरान के हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस किसी भी जांच से पीछे हटने वाली नहीं है, लेकिन जांच सभी पर समान रूप से होनी चाहिए।
पत्रकार वार्ता में जिला अध्यक्ष राजेश्वर सिंह पटेल, सतनाम सिंह, अरुण सोनी, मयंक चौबे, अनुपम राय, प्रमोद वर्मा समेत कई कांग्रेस नेता मौजूद रहे।













