वाराणसी। धर्म, आस्था और आध्यात्मिक ऊर्जा की नगरी वाराणसी में 108 वर्ष प्राचीन शिहोरवा बाबा (शिहोरेश्वर महादेव) मंदिर में आयोजित प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव और विशाल भंडारे ने पूरे क्षेत्र को शिवमय बना दिया है। इस भव्य आयोजन ने श्रद्धालुओं को भक्ति, सेवा और आध्यात्मिक उल्लास के महासंगम से जोड़ दिया।
25 अप्रैल 2026, शनिवार को सायं 4 बजे से प्रारंभ हुए इस दिव्य धार्मिक आयोजन में हजारों श्रद्धालु मंदिर परिसर में पहुंचे। “हर हर महादेव” के जयघोष से पूरा क्षेत्र भक्तिरस से सराबोर हो गया।
मंदिर परिसर में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ भगवान भोलेनाथ के प्रति गहरी आस्था और श्रद्धा का अद्भुत दृश्य प्रस्तुत कर रही थी। परिवार सहित पहुंचे भक्तों ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर भगवान शिव का आशीर्वाद प्राप्त किया और इस आयोजन को धार्मिक पर्व के रूप में मनाया।
भव्य भंडारे में श्रद्धालुओं के लिए विशाल प्रसाद वितरण की व्यवस्था की गई, जहां हजारों लोगों ने प्रेम, श्रद्धा और समर्पण के साथ प्रसाद ग्रहण किया। आयोजन में सेवा कार्यों में जुटे स्वयंसेवकों की तत्परता और समर्पण ने पूरे कार्यक्रम को सुव्यवस्थित और सफल बनाया।
इस धार्मिक आयोजन ने न केवल आध्यात्मिक चेतना को सुदृढ़ किया, बल्कि सामाजिक एकता, भाईचारे और सामूहिक सहभागिता का भी सशक्त संदेश दिया। पूरे क्षेत्र में उल्लास और प्रसन्नता का माहौल देखने को मिला।
आयोजकों ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे इस पावन धाम में पहुंचकर भगवान शंकर का आशीर्वाद प्राप्त करें और धर्म एवं भक्ति के इस महापर्व का हिस्सा बनें।
कार्यक्रम में छोटे लाल विश्वकर्मा, आशा विश्वकर्मा, प्रतिमा विश्वकर्मा, अनिल विश्वकर्मा, दीप्ति विश्वकर्मा, अजय विश्वकर्मा, प्रीति विश्वकर्मा, पंकज विश्वकर्मा, अभिषेक विश्वकर्मा, अवधेश विश्वकर्मा, मिथिलेश विश्वकर्मा, प्रेम कुमार विश्वकर्मा, प्रकाश कुमार विश्वकर्मा, नागेश विश्वकर्मा, अमर शर्मा, सोनी शर्मा, ध्रुव शर्मा, शौर्य शर्मा सहित हजारों श्रद्धालु उपस्थित रहे।
यह आयोजन एक बार फिर इस संदेश को जीवंत करता नजर आया कि जहां महादेव का वास होता है, वहां श्रद्धा, सुख और मंगल की धारा निरंतर प्रवाहित होती है।













