मीरजापुर। विंध्याचल के दीवान घाट पर मंगलवार को गंगा स्नान के दौरान बड़ा हादसा हो गया। गहरे पानी में जाने से तीन श्रद्धालु गंगा के तेज बहाव में डूब गए। स्थानीय मल्लाहों की तत्परता से मां और उसके छह वर्षीय बेटे को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जबकि युवक तेज धारा में लापता हो गया। उसकी तलाश के लिए एनडीआरएफ और स्थानीय गोताखोरों की टीम अभियान चला रही है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, एक युवक बैरिकेडिंग पार कर गहरे पानी की ओर चला गया। घाट पर मौजूद लोगों ने उसे कई बार रोकने का प्रयास किया, लेकिन उसने चेतावनी को नजरअंदाज कर दिया। कुछ ही देर में वह तेज बहाव में फंस गया। बेटे को डूबता देख उसकी मां छह वर्षीय बच्चे के साथ गंगा में कूद गई, जिससे तीनों पानी में डूबने लगे।
शोर सुनते ही आसपास मौजूद मल्लाह तत्काल नाव लेकर मौके पर पहुंचे और काफी प्रयास के बाद मां और मासूम बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। हालांकि युवक तेज बहाव में बह गया और उसका अब तक कोई पता नहीं चल सका। सूचना मिलते ही पुलिस, एनडीआरएफ और स्थानीय गोताखोरों की टीम मौके पर पहुंची और युवक की तलाश शुरू कर दी।
बताया जा रहा है कि पिछले 15 दिनों के भीतर दीवान घाट पर डूबने की यह तीसरी घटना है। लगातार हो रहे हादसों के बावजूद कई श्रद्धालु सुरक्षा बैरिकेडिंग पार कर प्रतिबंधित क्षेत्र में स्नान करने चले जाते हैं, जिससे इस तरह की घटनाएं सामने आ रही हैं।
घटना के बाद पुलिस और घाट प्रबंधन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे सुरक्षा नियमों का पालन करें, बैरिकेडिंग के भीतर ही स्नान करें और गहरे पानी में जाने से बचें। प्रशासन ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए घाटों पर निगरानी बढ़ाई गई है, फिर भी लोगों को स्वयं सतर्क रहने की आवश्यकता है।









