रायपुर। हिंदी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूरे होने के अवसर पर राजधानी रायपुर में ‘पत्रकारिता गौरव मार्तंड उत्सव’ का भव्य शुभारंभ हुआ। रायपुर प्रेस क्लब द्वारा आयोजित इस विशेष कार्यक्रम में पत्रकारिता की दो शताब्दियों की गौरवशाली यात्रा, उसके सामाजिक योगदान और बदलते दौर में उसकी भूमिका पर व्यापक चर्चा की जा रही है।
श्रीराम मंदिर परिसर स्थित सुंदर सदन में आयोजित इस कार्यक्रम में प्रदेश के मुख्यमंत्री, मंत्री, सांसद, वरिष्ठ पत्रकार, शिक्षाविद, मीडिया संस्थानों के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में पत्रकार शामिल हुए। आयोजन को हिंदी पत्रकारिता के इतिहास, वर्तमान चुनौतियों और भविष्य की संभावनाओं पर संवाद का महत्वपूर्ण मंच माना जा रहा है।
उद्घाटन सत्र में वक्ताओं ने हिंदी पत्रकारिता की ऐतिहासिक विरासत को याद करते हुए कहा कि पत्रकारिता ने देश के स्वतंत्रता आंदोलन से लेकर सामाजिक जागरूकता और लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। वक्ताओं ने कहा कि समय के साथ पत्रकारिता के स्वरूप में बदलाव आया है, लेकिन उसकी मूल भावना समाज को सही और तथ्यात्मक जानकारी उपलब्ध कराना ही रही है।
कार्यक्रम में पत्रकारिता के बदलते आयाम, डिजिटल मीडिया के बढ़ते प्रभाव, फेक न्यूज की चुनौती, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और पत्रकारों की जिम्मेदारियों जैसे विषयों पर भी चर्चा की जा रही है। वक्ताओं ने कहा कि तकनीक के इस दौर में पत्रकारिता के सामने नई चुनौतियां हैं, लेकिन निष्पक्षता, विश्वसनीयता और जनहित की भावना को बनाए रखना पहले से अधिक जरूरी हो गया है।
आयोजन के दौरान हिंदी पत्रकारिता के इतिहास से जुड़े महत्वपूर्ण पड़ावों को भी रेखांकित किया गया। वक्ताओं ने बताया कि हिंदी पत्रकारिता ने देश और समाज की आवाज बनकर लोकतंत्र को मजबूत करने में अहम योगदान दिया है। यही वजह है कि दो सौ वर्षों की यह यात्रा केवल पत्रकारिता का इतिहास नहीं, बल्कि सामाजिक और राष्ट्रीय चेतना का भी इतिहास है।
रायपुर प्रेस क्लब द्वारा आयोजित यह उत्सव दिनभर विभिन्न सत्रों, विचार गोष्ठियों और संवाद कार्यक्रमों के माध्यम से जारी रहेगा। कार्यक्रम में वरिष्ठ पत्रकार अपने अनुभव साझा कर रहे हैं, वहीं युवा पत्रकारों को भी पत्रकारिता के मूल्यों और जिम्मेदारियों से परिचित कराया जा रहा है।
आयोजकों का कहना है कि ‘पत्रकारिता गौरव मार्तंड उत्सव’ का उद्देश्य हिंदी पत्रकारिता की विरासत का सम्मान करने के साथ-साथ नई पीढ़ी को उसकी भूमिका और दायित्वों के प्रति जागरूक करना है। कार्यक्रम को लेकर पत्रकारिता जगत में उत्साह का माहौल देखा जा रहा है।













