मीरजापुर। पवन कुमार गंगवार ने जनपद में पेयजल परियोजनाओं की नियमित जलापूर्ति और विभिन्न कारणों से आ रही बाधाओं के निराकरण को लेकर कलेक्ट्रेट सभागार में जनप्रतिनिधियों एवं संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में जलापूर्ति व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने तथा समस्याओं के त्वरित समाधान के निर्देश दिए गए।
बैठक में रत्नाकर मिश्र, रमाशंकर सिंह पटेल, शुचिस्मिता मौर्या, जिला अध्यक्ष अपना दल एस इंजीनियर राम लौटन बिन्द तथा विधान परिषद सदस्य श्याम नारायण सिंह उर्फ विनीत सिंह के प्रतिनिधि सहित कई अधिकारी उपस्थित रहे। इस दौरान जनप्रतिनिधियों ने अपने-अपने क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति, क्षतिग्रस्त पाइपलाइन और खराब सड़कों से जुड़ी समस्याओं को उठाया।
जिलाधिकारी ने सभी कार्यदायी संस्थाओं और फर्मों के प्रतिनिधियों को निर्देश देते हुए कहा कि जहां पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हैं, वहां प्राथमिकता के आधार पर परीक्षण कराकर आगामी 10 दिनों के भीतर मरम्मत कार्य पूरा कराया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि लापरवाही मिलने पर संबंधित फर्मों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने जिला पंचायत राज अधिकारी को निर्देश दिया कि गर्मी को देखते हुए सभी ग्राम पंचायतों में स्थापित हैंडपंपों का शत-प्रतिशत सत्यापन कराया जाए। खराब अथवा रिबोर योग्य हैंडपंपों को तत्काल ठीक कराने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में सिंचाई विभाग को बांधों और नहरों का निरीक्षण कर सीपेज रोकने तथा पशुओं और किसानों के लिए पर्याप्त जल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। वहीं लोक निर्माण विभाग को जल निगम के साथ समन्वय स्थापित कर सड़कों की मरम्मत सुनिश्चित करने को कहा गया।
समीक्षा बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए लोक निर्माण विभाग की सड़क चौड़ीकरण, सुंदरीकरण, नए मार्ग और पुल निर्माण योजनाओं की भी समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने निर्माण कार्यों में गुणवत्ता सुनिश्चित करने पर जोर देते हुए कहा कि सीसी रोड और डामर सड़क निर्माण में मानक के अनुरूप सामग्री का उपयोग किया जाए। गुणवत्ता में कमी पाए जाने पर संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी गई।













